Sunday, May 4, 2014

duniya apko

naraj mat ho

Photo: चले आज तुम जहाँ से, हुयी जिंदगी परायी तुम्हे मिल गया ठिकाना, हमें मौत भी ना आयी ओ दूर के मुसाफिर, हम को भी साथ ले ले रे हम को भी साथ ले ले, हम रह गये अकेले तू ने वो दे दिया गम, बेमौत मर गये हम दिल उठ गया जहाँ से, ले चल हमें यहा से किस काम की ये दुनियाँ, जो जिंदगी से खेले सूनी हैं दिल की राहें, खामोश हैं निगाहें नाकाम हसरतों का, उठने को हैं जनाज़ा चारों तरफ लगे हैं, बरबादीयों के मैले।  अरुण अग्रवाल

nadi hab kinara

Photo: मुहब्बत ज़िंदगी बदल देती है..  मिल जाए....तो भी..  ना मिले........तो भी.......................................  अरुण अग्रवाल।

om japo


Friday, May 2, 2014

Fwd: [AMRIT VANI ] प्राकट्य दिवस





परम पूज्य सदगुरुदेव जी के ' प्राकट्य दिवस




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Posted By Madan Gopal Garga LM VJM to AMRIT VANI at 5/02/2014 11:33:00 AM

Thursday, May 1, 2014

Fwd: [AMRIT VANI ] अगर ईश्वर की




अगर ईश्वर की





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Posted By Madan Gopal Garga LM VJM to AMRIT VANI at 5/01/2014 09:45:00 AM